नई दिल्ली। भारत के निर्यात में मई 2025 के महीने में 2.8% की वृद्धि दर्ज की गई है, जिससे कुल निर्यात आंकड़ा 71.1 अरब डॉलर पर पहुंच गया। वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, निर्यात में यह बढ़त देश की व्यापार स्थिति के लिए एक सकारात्मक संकेत है, वहीं व्यापार घाटे में भी कमी आई है।
इस वृद्धि में इंजीनियरिंग उत्पादों, फार्मास्युटिकल्स और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे प्रमुख क्षेत्रों का महत्वपूर्ण योगदान रहा है, जिनकी वैश्विक मांग में निरंतर वृद्धि देखी जा रही है। दूसरी ओर, आयात में खास बदलाव नहीं होने से व्यापार घाटा कम हुआ है।
विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक मांग में सुधार, बेहतर लॉजिस्टिक्स व्यवस्था और व्यापार को प्रोत्साहित करने वाली नीतियों ने इस बदलाव में अहम भूमिका निभाई है। व्यापार घाटे में आई यह कमी चालू खाता घाटा और मुद्रा की स्थिरता के लिए एक सकारात्मक संकेत मानी जा रही है।
