छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में सट्टा कनेक्शन को लेकर पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। एक फरार सटोरी सत्यम केसरी ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर जिले के आरक्षक प्रविन्द्र सिंह पर महादेव सट्टा एप के जरिए अवैध सट्टा संचालन में शामिल होने का गंभीर आरोप लगाया है।
सत्यम केसरी, जो अंबिकापुर के सतीपारा का निवासी है, ने वीडियो में बताया कि फरवरी 2023 में आरक्षक प्रविन्द्र सिंह ने उसे सट्टा एप में काम पर लगाया था। महज एक महीने में 48 लाख रुपये का प्रॉफिट कराया गया। आरोप है कि यह पूरा सट्टा नेटवर्क गाड़ाघाट क्षेत्र के एक किराए के मकान में संचालित किया जा रहा था, जहां 5 से अधिक लोग काम कर रहे थे।
सत्यम के अनुसार, जब उसे समझ आया कि यह गैरकानूनी गतिविधि है, तो उसने काम छोड़ने की कोशिश की, जिस पर आरक्षक ने उसे फर्जी केस में फंसाने की धमकी दी। डर के चलते वह शहर छोड़कर फरार हो गया। वीडियो में सत्यम ने यह भी दावा किया कि सिर्फ प्रविन्द्र सिंह ही नहीं, बल्कि सटोरी अमित मिश्रा और कथित सट्टा किंग दीप सिन्हा भी इस नेटवर्क का हिस्सा हैं।
इस खुलासे के बाद एएसपी अमोलक सिंह ढिल्लों ने बयान जारी कर कहा कि प्रविन्द्र सिंह का नाम सामने आया है, मामले की गहराई से जांच की जा रही है और दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
